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मेरे आंगन में

Posted by babul on 8/22/2012 09:23:00 AM

देखो सूरज डूब रहा है।
अब तो तुम लौट आओ।
चांद के रहने तक रह लेना,
तुम साथ मेरे आंगन में।

  • रविकुमार बाबुल


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